रुद्रपुर। स्थानीय सुशासन को अधिक सशक्त, समावेशी और उत्तरदायी बनाने के उद्देश्य से जिला पंचायत कार्यालय में आयोजित चार दिवसीय प्रशिक्षकों के प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रथम बैच का गुरुवार को समापन हो गया। कार्यक्रम “बदलाव का नेतृत्वः स्थानीय सुशासन और उसके परे महिला नेतृत्व को सशक्त बनाना” विषय पर 22 से 25 दिसंबर 2025 तक चला। दूसरा बैच 27 से 30 दिसंबर तक प्रस्तावित है। समापन पर जिला पंचायतराज अधिकारी विद्या सिंह सोमनाल ने मास्टर ट्रेनर्स से आह्वान किया कि वे प्रशिक्षण में अर्जित ज्ञान और कौशल का प्रभावी उपयोग कर अपने-अपने जनपदों में महिला पंचायत प्रतिनिधियों को सशक्त बनाएं। उन्होंने कहा कि महिला ग्राम प्रधान ग्राम सभाओं की अध्यक्षता स्वयं करें और निर्णय प्रक्रिया में सक्रिय भूमिका निभाते हुए पितृसत्तात्मक कुरीतियों को समाप्त करने की दिशा में पहल करें। यह राज्य स्तरीय प्रशिक्षण पंचायतीराज मंत्रालय, भारत सरकार के विशेष अभियान के अंतर्गत आयोजित किया गया। इसमें नैनीताल, चम्पावत और पिथौरागढ़ जिलों से आए ग्राम पंचायत विकास अधिकारी व पंचायत प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। प्रशिक्षण के दौरान प्रभावी संचार, नेतृत्व, जेंडर अवधारणा, 73वां संविधान संशोधन, पंचायतीराज व्यवस्था और ग्राम सभा की प्रक्रिया जैसे विषयों पर सैद्धांतिक व व्यवहारिक सत्र हुए। कार्यक्रम में अपर मुख्य अधिकारी गणेश बिष्ट सहित एसपीआरसी टीम व अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।


