अल्मोड़ा। मेडिकल कॉलेज अल्मोड़ा के ब्लड बैंक इंचार्ज आशीष जैन पर गंभीर आरोप लगाते हुए रेडक्रॉस पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि ब्लड बैंक इंचार्ज द्वारा दूर-दराज से आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों को अनावश्यक रूप से परेशान किया जा रहा है। विशेष रूप से बागेश्वर, पिथौरागढ़ और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों को ब्लड प्राप्त करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। आरोप है कि कई मामलों में तीमारदारों के आधार कार्ड तक जब्त कर लिए जाते हैं, जो नियमों के विरुद्ध है। रेडक्रॉस ने इस मामले को गंभीर बताते हुए जिलाधिकारी से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। पदाधिकारियों का कहना है कि ब्लड बैंक जैसी आपातकालीन सेवा में इस प्रकार की लापरवाही और दुर्व्यवहार स्वीकार्य नहीं है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी ने संज्ञान लेते हुए शुक्रवार को ब्लड बैंक की आपातकालीन बैठक बुलाई है। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं। रेडक्रॉस के प्रांतीय उपाध्यक्ष मनोज सनवाल ने आरोप लगाया कि ब्लड बैंक इंचार्ज मरीजों और तीमारदारों को अनावश्यक रूप से परेशान करते हैं और इस संबंध में अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। यूथ रेडक्रॉस अध्यक्ष अमित साह मोनू ने कहा कि मेडिकल कॉलेज की स्थापना मरीजों को सुविधा देने के उद्देश्य से की गई थी, लेकिन इस तरह की शिकायतें उस उद्देश्य के विपरीत हैं। जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपने वालों में रेडक्रॉस अध्यक्ष आशीष वर्मा, प्रांतीय उपाध्यक्ष मनोज सनवाल, पूर्व स्वास्थ्य निदेशक डॉ. जे.सी. दुर्गापाल, यूथ रेडक्रॉस अध्यक्ष अमित साह मोनू, उपाध्यक्ष अर्जुन बिष्ट चीमा, उपसचिव अभिषेक जोशी, हरीश कनवाल और अनूप साह शामिल रहे।


