ऋषिकेश। टिहरी बांध से बुधवार को अचानक 500 क्यूसेक अतिरिक्त पानी छोड़ने की सूचना से ऋषिकेश में हड़कंप मच गया। इस बीच त्रिवेणीघाट पर पानी पहुंचने से दो बच्चे बह गए जबकि बच्चे टापू पर फंस गए। जल पुलिस ने एजेंसियों के साथ रेस्क्यू कर चारों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। यह सब आपदा प्रबंधन की व्यवस्था को परखने के लिए बुधवार को मॉक ड्रिल के तहत किया गया। गंगा के उफान में सांप और मगरमच्छ तक आ गए। अफरातफरी मचने से पांच बच्चे परिजनों से बिछुड़ गए। तत्काल रिस्पांस देते हुए पुलिसकर्मियों ने उन्हें चारधाम ट्रांजिट कैंप में बने रिलीफ सेंटर में पहुंचाया। त्रिवेणीघाट और आसपास में पूर्वान्ह 11 बजे तक चली मॉक ड्रिल के माध्यम से राहत-बचाव में सरकारी महकमों में तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों की तत्परता को परखा गया। एसडीएम योगेश मेहरा की देखरेख में समन्वय और संवाद के लिए वायरलेस आदि सिस्टम को भी चेक किया गया। उन्होंने बताया कि मॉक ड्रिल में सभी विभागों का रिस्पांस टाइम बेहतर रहा। बताया कि सुबह आठ बजे टिहरी बांध से पानी छोड़ने की सूचना के बाद यह पूरी ड्रिल सुरक्षा इंतजामों को पुख्ता करने के लिए आयोजित की गई थी। ड्रिल में पुलिस, एसडीआरएफ, जल पुलिस, स्वास्थ्य, पूर्ति, वन, स्वास्थ्य, संभागीय परिवहन विभाग, नगर निगम, ऊर्जा निगम आदि महकमों के अधिकारी शामिल रहे।


