अल्मोड़ा। सिविल सोयम वन प्रभाग के अंतर्गत बिन्सर वन्यजीव विहार के कपड़खान बीट में सोमवार को वनाग्नि नियंत्रण को लेकर संयुक्त अभ्यास आयोजित किया गया। इस अभ्यास में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल, वन विभाग के कर्मचारी और फायर वाचरों ने मिलकर भागीदारी की। अभ्यास का उद्देश्य आगामी वनाग्नि सीजन को देखते हुए त्वरित और समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करना तथा विभिन्न विभागों के बीच तालमेल को मजबूत करना रहा। अभ्यास के दौरान अभयारण्य क्षेत्र के भौगोलिक स्वरूप और संवेदनशील स्थलों का निरीक्षण किया गया। वनाग्नि से निपटने में उपयोग होने वाले उपकरणों और संसाधनों का प्रदर्शन किया गया। साथ ही फायर वाचरों के साथ समन्वय बैठक कर उनकी भूमिका स्पष्ट की गई और वनाग्नि की स्थिति में संयुक्त प्रतिक्रिया प्रणाली का व्यावहारिक अभ्यास भी कराया गया। सुरक्षा उपायों और मानक संचालन प्रक्रिया के पालन पर भी विशेष जोर दिया गया। इस दौरान राष्ट्रीय आपदा मोचन बल के सहायक कमांडेंट आर.एस. धपौला और निरीक्षक कनिष्क पांगती ने अपनी टीम के साथ वनाग्नि रोकथाम और प्रारंभिक नियंत्रण की तकनीकों पर व्यावहारिक जानकारी दी। वन क्षेत्राधिकारी मनोज सनवाल ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए वनाग्नि नियंत्रण के प्रभावी उपायों पर प्रकाश डाला। संयुक्त अभ्यास में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल, वन विभाग और फायर वाचरों की सक्रिय भागीदारी रही। प्रभागीय वनाधिकारी सिविल सोयम प्रदीप कुमार धौलाखंडी ने कहा कि इस तरह के अभ्यास भविष्य में संभावित वनाग्नि की घटनाओं से प्रभावी ढंग से निपटने, त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने और जन-धन की सुरक्षा के लिए उपयोगी साबित होंगे।


