ऋषिकेश। षड्दर्शन साधु समाज अखिल भारतीय सनातन धर्म रक्षा समिति ने बुधवार को एक कार्यक्रम आयोजित किया। समिति ने स्वामी निखिलेश्वर नन्द का पट्टाभिषेक कर उन्हें महामंडलेश्वर की उपाधि प्रदान की। लक्ष्मण झूला रोड स्थित कबीर चौरा आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में समिति के अध्यक्ष महंत गोपाल गिरी ने कहा कि स्वामी निखिलेश्वर नन्द श्री 1008 शरणानन्द महाराज के शिष्य हैं। वर्तमान में यशोदा भवन आश्रम सोंख अड्डा गोवर्धन मथुरा से जुड़े हुए हैं। उन्हें महामंडलेश्वर बनाए जाने के साथ ही यह जिम्मेदारी सौंपी गई है कि वे सनातन धर्म का देश-विदेश में व्यापक प्रचार-प्रसार करें और साधु-संतों की मर्यादा का पूर्ण पालन करते हुए समाज को आध्यात्मिक दिशा प्रदान करें। उन्होंने कहा कि समिति 1860 के अधिनियम के अंतर्गत पंजीकृत एक राष्ट्रीय धार्मिक संगठन है, जिसका मुख्यालय ऋषिकेश में स्थित है तथा इसकी शाखाएं देश के विभिन्न प्रांतों, जिलों, नगरों और गांवों में सक्रिय हैं। यह संगठन वर्षों से धर्म, संस्कृति और आध्यात्मिक जागरूकता के क्षेत्र में कार्यरत है। मौके पर समिति उपाध्यक्ष स्वामी चेतनानंद, महामंडलेश्वर ब्रह्मानंद, सचिव महंत कपिल मुनि, कोषाध्यक्ष महंत इंदर गिरी, महंत ब्रह्मऋषि महराज, शिवदत्त शर्मा, पीयूष अग्रवाल, रजत अग्रवाल, दिव्यम अग्रवाल, बसंत कानोडिया, लक्ष्मी, कानोडिया, नेहा अग्रवाल, राम वर्मा, रवि गुप्ता, विजय कुमार, आदि उपस्थित रहे।


